ज्वार की खेती कैसे करें 2026: बुवाई से कटाई तक पूरी जानकारी
सितंबर का महीना खरीफ फसलों के बाद रबी सीजन की तैयारी का सबसे अहम समय होता है। इस दौरान लहसुन, चना, मटर और मसूर जैसी फसलें बोकर किसान कम लागत में अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं।
अगर मिट्टी की सही तैयारी, बीज उपचार, संतुलित खाद, सही सिंचाई और समय पर रोग कीट नियंत्रण किया जाए तो इन फसलों में 30 – 40% तक लाभ संभव है।
इस खेती-बाड़ी जानकारी में आप जानेंगे –
✔️कौन सी फसल किस मिट्टी में बेहतर है
✔️सही बीज और बुवाई की तकनीक
✔️खाद, सिंचाई, रोग-कीट प्रबंधन
✔️कटाई, भंडारण और बिक्री के तरीके
👉 बुवाई से पहले मिट्टी की जांच करना सबसे बेहतर रहता है।
👉 मिट्टी की जांच कैसे करें? घरेलू और वैज्ञानिक उपाय
अगर बीज बिना ट्रीटमेंट बोया जाए तो उसमें उकठा, झुलसा और अन्य बीज जनित बीमारियाँ लगने का खतरा रहता है। ट्रीटमेंट करने से रोग रुकते हैं और अंकुरण बढ़ता है।
👉 पहले रासायनिक, फिर जैविक उपचार करें।
👉 इस खेती के लिए सरकारी उन्नत बीज मार्गदर्शिका
सितंबर के अंतिम सप्ताह से अक्टूबर मध्य तक
⚠️ पानी का पीएच 6.0–7.5 आदर्श।
👉 स्मार्ट सिंचाई: जल बचत से बड़े उत्पादन
- मैनकोजेब 75% WP @ 2.5 ग्राम/लीटर पानी
- इमिडाक्लोप्रिड 17.8% SL @ 200 मिली/हेक्टेयर
- नीम तेल 1500 PPM @ 5 मिली/लीटर
🔶 चना
- इंडोक्साकार्ब 14.5% SC @ 300 मिली/हेक्टेयर
- बवेरिया बेसियाना @ 5 ग्राम/लीटर
- मैनकोजेब 75% WP @ 2.5 ग्राम/लीटर पानी
- ऐसीट्राइकोडर्मा @ 5 ग्राम/लीटर
- कार्बेन्डाजिम 50% WP @ 1 ग्राम/लीटर पानी
- नीम खली @ 250 किलो/हेक्टेयर
👉 लागत क्षेत्र अनुसार अलग-अलग होती है, लेकिन अच्छी देखभाल से किसान 30–40% तक शुद्ध मुनाफा कमा सकते हैं।
👉लहसुन को 5–7 दिन छाया में सुखाकर जालदार थैलों में रखें।
- प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना
- किसान सम्मान निधि
- कृषि यंत्र सब्सिडी योजना
Q1. सितंबर में कौन-सी फसल बोना सबसे ज्यादा फायदेमंद है?
👉 सितंबर में लहसुन, चना, मटर और मसूर सबसे सुरक्षित और मुनाफेदार फसलें मानी जाती हैं।
Q2. क्या सितंबर में बोई गई फसलों पर सरकारी MSP मिलती है?
👉 चना, मटर और मसूर पर MSP मिलता है, जबकि लहसुन को मंडी, eNAM या कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग से बेचना बेहतर रहता है।
Q3. सितंबर की फसलों में बीज ट्रीटमेंट जरूरी क्यों है?
👉 बीज ट्रीटमेंट से अंकुरण बढ़ता है, रोग कम लगते हैं और फसल की शुरुआती बढ़वार मजबूत होती है।
Q4. क्या सितंबर में बोई गई फसलों को ज्यादा पानी चाहिए?
👉 नहीं, ये फसलें कम सिंचाई में भी अच्छी उपज देती हैं, बस समय पर पानी जरूरी है।
🔟 निष्कर्ष
सितंबर में बोई जाने वाली फसलें – लहसुन, चना, मटर, मसूर – किसानों के लिए सुरक्षित और लाभकारी विकल्प हैं। अगर किसान सही समय पर बुवाई, बीज उपचार, संतुलित खाद, उच्च सिंचाई और रोग कीट नियंत्रण करें तो, कम लागत में अच्छी उपज और बेहतर मुनाफा कमा सकते हैं। सरकारी योजनाओं और आधुनिक बाजार विकल्पों का सही उपयोग किसान की आमदनी बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाता है।